- जिला पर्यटन विकास समिति की समीक्षा बैठक, जिलाधिकारी ने दिए पर्यटन संपत्तियों के बेहतर प्रबंधन और राजस्व वृद्धि के निर्देश
- धारी देवी मंदिर का प्रकाशीकरण कार्य फरवरी माह के अंत तक होगा पूर्ण, एंगलर हट और रैन बसेरों का होगा कायाकल्प
पौड़ी:- जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया की अध्यक्षता में जिला कार्यालय स्थित एनआईसी कक्ष में जिला पर्यटन विकास समिति की महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई। बैठक के दौरान पर्यटन विभाग की परिसंपत्तियों को किराए पर दिए जाने और उनके प्रभावी संचालन पर विस्तृत चर्चा की गयी।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि सतपुली स्थित एंगलर हट को शीघ्र फर्निश किया जाए और सभी विभागीय परिसंपत्तियों के रखरखाव हेतु आवश्यक अंशदान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि यदि पर्यटन विभाग की परिसंपत्तियों पर अतिक्रमण हो तो तत्काल कार्रवाई करें।
खिर्सू स्थित बासा होम स्टे की समीक्षा के दौरान यह पाया गया कि संचालकों द्वारा किराया जमा नहीं किया जा रहा है, जिस पर जिलाधिकारी ने सुरक्षा राशि वसूली करने तथा मरम्मत के उपरांत दोबारा टेंडर आमंत्रित करने के निर्देश दिए। इसी क्रम में डांडा नागराजा स्थित रैन बसेरे के लिए ओपन टेंडर प्रक्रिया शुरू करने और श्रीनगर स्थित रैन बसेरे को बेहतर प्रबंधन हेतु नगर निगम श्रीनगर को हस्तांतरित करने का निर्णय लिया गया।
जिलाधिकारी ने जिला पर्यटन विकास अधिकारी खुशाल सिंह नेगी को पौड़ी स्थित जीएमवीएन की पार्किंग का जिला विकास प्राधिकरण के साथ संयुक्त निरीक्षण कर उसे जल्द हैंडओवर करने की प्रक्रिया पूरी करने को कहा। इसके साथ ही श्रीनगर में निर्मित दुकानों और कॉम्प्लेक्स के टेंडर पर भी सहमति बनी। धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से जिलाधिकारी ने धारी देवी मंदिर के प्रकाशीकरण कार्य की समय सीमा निर्धारित करते हुए कार्यदायी संस्था को फरवरी माह के अंत तक समस्त कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी गिरीश गुणवंत, प्रभागीय वनाधिकारी महातिम यादव, उपनिरीक्षक प्रवीण रावत और संबंधित विभागों के अधिकारी, कर्मचारी उपस्थित रहे।
