श्री हंसी पूरन फाउंडेशन एवं लाइफ लाइन फाउंडेशन ने मनाया युवा दिवस, निखारी जाएगी बच्चों की प्रतिभा स्वामी विवेकानंद जयंती पर बौद्धिक संगोष्ठी एवं सम्मान समारोह आयोजित।
मुनि की रेती (अरुणाभ रतूड़ी ):- श्री हंसी पूरन फाउंडेशन ट्रस्ट एवं लाइफ लाइन फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में स्वामी विवेकानंद जयंती (राष्ट्रीय युवा दिवस) के अवसर पर एक भव्य बौद्धिक संगोष्ठी और मेधावी छात्र सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। स्वामी नारायण आश्रम में आयोजित इस कार्यक्रम में बच्चों के सर्वांगीण विकास, कौशल निखार और सनातन परंपराओं के प्रति जागरूकता पर बल दिया गया।
विवेकानंद आदर्श भी हैं और सनातन का आईना भी:- कार्यक्रम के मुख्य अतिथि, राज्यमंत्री गिरीश डोभाल ने दीप प्रज्वलित कर संगोष्ठी का शुभारंभ किया। उन्होंने अपने संबोधन में कहा, “स्वामी विवेकानंद केवल एक व्यक्ति नहीं, बल्कि आधुनिक भारत के प्रेरणापुंज और सनातन संस्कृति के वैश्विक प्रतीक हैं। आज भारत विश्व का सबसे युवा देश है। यदि हमारे युवा पश्चिमी सभ्यता के अंधानुकरण को छोड़कर अपनी विरासत और संस्कारों से जुड़ें, तो भारत को पुनः विश्व गुरु बनने से कोई नहीं रोक सकता।” उन्होंने युवाओं से किताबी ज्ञान के साथ-साथ अनुभव आधारित शिक्षा अपनाने का आह्वान किया।
गुरुकुल पद्धति और नैतिक मूल्यों की आवश्यकता:-विशिष्ट अतिथि और नगर पालिका अध्यक्ष नीलम बिजल्वाण ने कहा कि वर्तमान दौर में युवाओं को सोशल मीडिया के मायाजाल से निकलकर अपने धर्मग्रंथों और प्राचीन गुरुकुल शिक्षा पद्धति की ओर लौटना होगा। उन्होंने कहा कि मैकाले की शिक्षा पद्धति हमें केवल साक्षर बना सकती है, लेकिन संस्कारवान और राष्ट्रप्रेमी बनने के लिए अपनी जड़ों से जुड़ना अनिवार्य है।
वहीं, बाल विकास कार्यक्रम से जुड़े ऋषि कंडवाल ने बच्चों में बढ़ती नशे की लत पर चिंता व्यक्त की और अभिभावकों से बच्चों को सही दिशा देने की अपील की। वरिष्ठ अधिवक्ता रमाबल्लभ भट्ट ने कहा कि समाज के सक्षम वर्ग को प्रतिभावान लेकिन संसाधन विहीन बच्चों की सहायता के लिए आगे आना चाहिए।
मेधावी छात्र हुए सम्मानित:- इस अवसर पर ऋषिकेश क्षेत्र के प्रमुख विद्यालयों—भारत मंदिर, पूर्णानंद, प्रेमानंद, विद्यानिकेतन, पुष्पा बडेरा और स्वामी नारायण स्कूल के सैकड़ों मेधावी छात्र-छात्राओं को उनकी उपलब्धियों के लिए सम्मानित किया गया। एनसीसी और स्काउट के विद्यार्थियों ने भी कार्यक्रम में उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया।
इनकी रही गरिमामयी उपस्थिति
कार्यक्रम का सफल संचालन रामकृष्ण पोखरियाल और मोहन बंधाणी ने किया। इस दौरान लाइफ लाइन फाउंडेशन की अर्चना नकोटिया, विनोद बिजल्वाण, वरिष्ठ पत्रकार भारत भूषण कुकरेती, संजय बडोला, कपिल गुप्ता, के.एस. राणा, नवीन चंद्रा, धनीराम बिंजोला, सुनील भगत, कमला रतूड़ी और दीपा भट्ट सहित शिक्षा एवं सामाजिक क्षेत्र के कई दिग्गज मौजूद रहे।
अंत में आयोजक नवीन चंद्रा ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए भविष्य में भी इसी प्रकार के रचनात्मक कार्यों को जारी रखने का संकल्प लिया।
