राज्यपाल नेआईआईटी रूड़की में आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि प्रतिभाग किया # मुख्यमंत्री ने पंतनगर में जनपद नैनीताल एवं ऊधमसिंह नगर की 07 विधानसभा क्षेत्रों के विकास कार्यों की समीक्षा।

राज्यपाल नेआईआईटी रूड़की में आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि प्रतिभाग किया

राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) ने गुरूवार को राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस के अवसर पर आईआईटी रूड़की में आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि प्रतिभाग किया। इस अवसर पर राज्यपाल ने संस्थान द्वारा बधिर दिव्यांगों के लिए संचालित अनुश्रुति अकादमी का भ्रमण किया। उन्होंने बच्चों द्वारा बनायी गई पेंटिंग, हैण्डीक्राफ्ट आदि को भी देखा और उनकी सराहना की। इस दौरान राज्यपाल ने संस्थान की टिंकरिंग लैब, संस्थान के पुस्तकालय का भी भ्रमण किया और उन्होंने छात्रों द्वारा लगाई गई प्रदर्शनी का भी अवलोकन किया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राज्यपाल ने कहा कि भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान रूड़की का 175 वर्षों का देश की सेवा करने का गौरवशाली अतीत रहा है। संस्थान के कई एल्युमनी जो भारत और विदेशों में सफल तकनीकी और सामाजिक उद्यमों के संस्थापक हैं। ये सभी पूर्व छात्र आईआईटी रूड़की की उत्कृष्टता की विरासत बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे है।

उन्होंने राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस के अवसर पर कहा की प्रौद्योगिकी विकास के लिए योगदान देने वाले भारतीय वैज्ञानिकों और इंजीनियरों के प्रति कृतज्ञता ज्ञापित करने का यह महान अवसर है। सचमुच में भारत को आधुनिक विज्ञान और प्रौद्योगिकी सम्पन्न बनाने में हमारे वैज्ञानिकों का बहुत बड़ा योगदान है।

राज्यपाल ने कहा कि वर्तमान समय में तकनीकी के बल पर हम आत्मनिर्भर भारत और विकसित भारत बन सकते हैं। तकनीकी के बल पर आने वाले 25 सालों के अमृतकाल में हम एक नई ऊचाईयों को अवश्य छूयेंगे। उन्होंने कहा कि आईआईटी रूड़की इस बात का उदाहरण है कि कैसे एक 175 साल पुराना संस्थान देश और दुनिया की आधुनिक समय की मांगों को पूरा करने के लिए खुद को ढ़ाल सकता है। उन्होंने कहा कि हमें अपनी सभ्यता, संस्कृति व इतिहास को आधुनिक टेक्नोलॉजी के साथ जोड़ना होगा। आईआईटी रुड़की ने हमें अनेक बेहतरीन इंजीनियर और वैज्ञानिक दिए हैं, जिन्होंने देश के विकास और राष्ट्र के नव निर्माण में अत्यन्त महत्वपूर्ण योगदान दिया है।

उन्होंने कहा कि आईआईटी रुड़की ने सतत विकास के लक्ष्यों के अनुरूप कई नई पहलें की हैं और ज्ञान आधार बनाने के लिए उत्तराखंड में स्थानीय संस्थानों को उनकी शैक्षणिक और अनुसंधान सुविधाओं को बढ़ाने के लिए शामिल किया है। संस्थान ने रुड़की और उसके आसपास की औद्योगिक इकाइयों को तकनीकी रूप से ठोस समाधान अपनाने, उनके विकास को गति देने और ‘लोकल से ग्लोबल’ के उद्देश्य को साकार करने में मदद कर रहा है जो सराहनीय है। उन्होंने कहा कि आईआईटी रुड़की में बनाए गए कई सेंटर ऑफ एक्सीलेंस को देखकर भी मुझे बहुत खुशी हो रही है, पारस्परिक रूप से लाभकारी लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए प्रसिद्ध संस्थानों, विश्वविद्यालयों और उद्योगों के साथ सहयोग करना और संबंधों को बढ़ावा देना महत्वपूर्ण है।

इस अवसर पर आईआईटी के निदेशक प्रो. के.के पंत ने सभी अतिथियों का स्वागत किया और संस्थान की गतिविधियों की संक्षिप्त और उपलब्धियों की जानकारी प्रस्तुत की। इस दौरान आईआईटी में अनुसंधान व औद्योगिक परामर्श के डीन प्रो. अक्षय द्विवेदी, डीन शैक्षणिक मामले प्रो. अपूर्वा कुमार एवं डीन छात्र कल्याण प्रो. मुकेश कुमार बरूआ द्वारा प्रस्तुतीकरण दिए गए।

इस अवसर पर ‘उत्तराखण्ड के भविष्य एवं विकास पर भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान रूड़की की भूमिका अवसर और संभावनाएं’ पर एक बैठक चर्चा हुई। इस चर्चा में हीरो मोटोकॉर्प के प्लांट हेड यशपाल सरदाना, ब्रिगेडियर कृष्णेंदु दास, निदेशक एनआईटी,यूके प्रो. ललित कुमार अवस्थी, निदेशक एम्स, ऋषिकेश प्रो. मीनू सिंह, उप निदेशक आईआईटी रूड़की प्रो. यूपी सिंह ने प्रतिभाग किया।

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मुख्यमंत्री ने पंतनगर में जनपद नैनीताल एवं ऊधमसिंह नगर की 07 विधानसभा क्षेत्रों के विकास कार्यों की समीक्षा।

  • उपस्थित विधायकगणों ने मुख्यमंत्री की पहल को सराहा, जताया आभार।
  • मुख्यमंत्री ने विधायकगणों द्वारा इंगित समस्याओं के त्वरित समाधान हेतु अधिकारियों को दिये निर्देश।
  • जन समस्याओं के समाधान तथा योजनाओं के क्रियान्वयन में प्रक्रियाओं के सरलीकरण पर ध्यान देने के दिये निर्देश।
  • समाज कल्याण की योजनाओं के लाभार्थियों की पेंशन पहली तारीख को पहुंचेगी उनके खातों में।
  • छात्रों को विद्यालय में ही मिलेंगे सभी आवश्यक प्रमाण पत्र।
  • मुख्यमंत्री ने सभी जिलों में सर्किट हाउस बनाये जाने के दिये निर्देश।

मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को पं.गोविन्द बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय पंतनगर के प्रशासनिक भवन सभागार में जनपद नैनीताल एवं ऊधमसिंह नगर के विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों की विकास योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। इसमें विधानसभा क्षेत्र लाल कुआं, भीमताल, नैनीताल, कालाढूंगी, काशीपुर, गदरपुर, रुद्रपुर विधानसभा क्षेत्र शामिल थे। समीक्षा बैठक में केंद्रीय रक्षा राज्यमंत्री अजय भट्ट, कैबिनेट मंत्री सौरभ बहुगुणा, विधायक त्रिलोक सिंह चीमा, बंशीधर भगत, मोहन बिष्ट, सरिता आर्य, शिव अरोरा, अरविन्द पाण्डे, राम सिंह कैड़ा सहित शासन एवं जनपदों के उच्चाधिकारी मौजूद रहे। बैठक में उपस्थित विधायकगणों ने मुख्यमंत्री की पहल की सराहना करते हुये उनका आभार जताया। मुख्यमंत्री ने विधायकगणों द्वारा इंगित समस्याओं के त्वरित समाधान हेतु अधिकारियों को जन समस्याओं के समाधान तथा योजनाओं के क्रियान्वयन में प्रक्रियाओं के सरलीकरण पर ध्यान देने के निर्देश दिये।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में यह व्यवस्था बनाई जा रही है कि प्रत्येक माह की एक तारीख तक समाज कल्याण विभाग की योजनाओं के लाभार्थियों की पेंशन उनके खाते में पहुँच जाये। साथ ही छात्रों को उनके समस्त प्रकार के आवश्यक प्रमाण पत्र उनको विद्यालय में ही उपलब्ध कराये जाने का अभियान प्रारंभ किया जा रहा है। मुख्यमंत्री द्वारा सरलीकरण के रास्ते पर चलने हेतु वन विभाग को प्रोत्साहित किया गया। प्रत्येक जिले में सर्किट हाउस बनाने के लिए निर्देश भी उन्होंने दिये। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिये कि आने वाले बारिश के सीजन को देखते हुए आपदा राहत की तैयारियों के साथ जल जनित बीमारियों को दूर रखने के लिए साफ़ सफ़ाई अभियान चलाने, लम्पी वायरस से बचाव के लिए प्रभावी कार्यवाही की जाये। मुख्यमंत्री ने बैठक में उठाये गये बिंदुओं को शीघ्रता से निस्तारित करने के निर्देश अधिकारियों को दिये।
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिये कि विधायकगणों द्वारा अपने क्षेत्रों की जिन जन समस्याओं को रखा जा रहा है, अधिकारी उन्हें गंभीरता से लेकर शीघ्र  समाधान करायें। विकास कार्यों को एक दूसरे पर थोपे जाने के बजाय विभागीय अधिकारी उनका आपसी समन्वय के साथ निस्तारण पर ध्यान दे। जिन जन समस्याओं का समाधान जल्दी हो सकता है, उन्हें शीघ्रता से पूर्ण किया जाए। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधि गणों द्वारा विधानसभा क्षेत्रों में विभिन्न घोषणाओं के लिए जो भी प्रस्ताव आते हैं, उनका पहले भली भांति परीक्षण कर लिया जाए। यह भी स्पष्ट किया जाए कि यह घोषणा कितनी समयावधि में पूर्ण हो जायेगी। उन्होंने कहा कि राज्य में एक नई कार्य संस्कृति लागू करनी है। जन समस्याओं के शीघ्र समाधान के लिए अधिकारी संवादहीनता को दूर कर आपसी समन्वय बढ़ाकर कार्य करें। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिये कि विधायकगणों द्वारा अपनी विधानसभा क्षेत्रों की जिन जन समस्याओं को बैठक में रखा गया है, सभी विभागीय सचिव उनको प्राथमिकता में लेते हुए यथाशीघ्र समाधान करें।
बैठक में विधायकगणों द्वारा सड़कों के निर्माण एवं सुधारीकरण, नहरों के मरमत्तीकरण, बाढ़ नियंत्रण से संबंधित कार्य, सीवरेज एवं ड्रेनेज सिस्टम को मजबूत करने, पर्यटक स्थलों के विकास एवं विधानसभा क्षेत्रों की अन्य समस्याओं से मुख्यमंत्री को अवगत कराया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि विधायकगणों द्वारा जो भी जन समस्याएं रखी गई हैं, उनका हर संभव समाधान किया जायेगा।

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अल्मोड़ ऑपरेशन मर्यादा व यातायात नियम तोड़ने पर पुलिस ने रु.631850 जुर्माना वसूला

एसएसपी अल्मोड़ा के निर्देश पर अल्मोड़ा पुलिस द्वारा आँपरेशन मर्यादा व यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध नियमित रुप से की जाने वाली कार्यवाही के तहत पुलिस ने 1354 लोगों पर चालानी कार्यवाही कर 6 लाख से अधिक जुर्माना वसूला

उत्तराखण्ड पुलिस द्वारा तीर्थ स्थलों पर मर्यादा तथा धार्मिक स्थलों पर स्वच्छता बनाये रखने के लिए तीर्थ स्थलों/पर्यटक स्थलों पर नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध कार्यवाही हेतु दिनांक- 29.04.2023 से आँपरेशन मर्यादा चलाया गया है।

अल्मोड़ा पुलिस द्वारा आपरेशन मर्यादा के तहत दिनांक- 29.04.2023 से अबतक चेकिंग अभियान के दौरान यातायात नियमों का उल्लंघन करने, सार्वजनिक/पर्यटक स्थलों पर धूम्रपान/शराब पीकर हुड़दंग करने व गंदगी करने पर कुल 1354 लोगों के विरुद्ध एमवीएक्ट/पुलिस एक्ट व कोटपा एक्ट के तहत कार्यवाही कर 6, 31, 850/- रुपये जुर्माना वसूला गया है।