राजभवन में मनायी गयी हरियाली तीज#राज्यपाल से सी0बी0एस0ई0 देहरादून क्षेत्र के क्षेत्रीय अधिकारी ने शिष्टाचार भेंट की।#मुख्यमंत्री ने आम जनता से भेंट कर सुनी जन समस्यायें।

-अरुणाभ रतूड़ी

राजभवन में मनी तीज

भारतीय संस्कृति की प्राचीन त्यौहारों में एक ‘‘हरियाली तीज’’ आज राजभवन में बड़े हर्षाेल्लास और उमंग के साथ मनाया गया। इस दौरान महिलाओं द्वारा सावन मास के गीतों संग विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किये गये। इस अवसर पर प्रथम महिला श्रीमती गुरमीत कौर की उपस्थिति में कई प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। प्रतियोगिताओं की विजेता महिलाओं को पुरस्कृत भी किया गया।

प्रथम महिला श्रीमती गुरमीत कौर ने इस दौरान सभी महिलाओं को तीज की शुभकामनाएं देते हुए सबके स्वस्थ एवं सुखी जीवन की कामना की। उन्होंने कहा कि यह त्यौहार हमारे जीवन में नये जोश एवं उत्साह का संचार करता है। इस अवसर पर अपर सचिव श्री राज्यपाल श्रीमती स्वाति एस. भदौरिया, परिसहाय श्री राज्यपाल रचिता जुयाल, वित्त नियंत्रक डा0 तृप्ति श्रीवास्तव सहित राजभवन परिवार की महिलाओं ने प्रतिभाग किया।

********

स्कूली शिक्षा में नई शिक्षा नीति को लागू करने के लिए सी0बी0एस0ई0 की महत्त्वपूर्ण भूमिका- राज्यपाल।

*  स्कूली शिक्षा को समावेशी बनाने के लिए नई शिक्षा नीति में कई प्रावधान- राज्यपाल।

राजभवन देहरादून 29 जुलाई, 2022

राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) से शुक्रवार को सी0बी0एस0ई0 देहरादून क्षेत्र के क्षेत्रीय अधिकारी श्री जय प्रकाश चतुर्वेदी ने शिष्टाचार भेंट की। श्री चतुर्वेदी ने राज्यपाल को सी0बी0एस0ई0 के कार्यों एवं उपलब्धियों से अवगत कराया।

राज्यपाल ले ज गुरमीत सिंह(से नि) ने कहा कि स्कूली शिक्षा में नई शिक्षा नीति को लागू करने के लिए सी0बी0एस0ई0 की महत्त्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने कहा कि स्कूली शिक्षा को समावेशी बनाने के लिए नई शिक्षा नीति में कई प्रावधान किये गये हैं। राज्यपाल ले ज गुरमीत सिंह(से नि) ने कहा कि विद्यार्थियों के भीतर यह भावना होनी चाहिए कि वे जो कक्षा में पढ़ रहे हैं, उसका उपयोग उन्हें व्यवहारिक जीवन में करना होगा। उन्होंने कहा कि नई शिक्षा नीति में पारंपरिक विषयों के साथ-साथ कौशल विकास के विषयों को इसीलिए जोड़ा गया है। राज्यपाल ने कहा कि बच्चों को उनकी रूचि के अनुसार कला, संगीत एवं व्यावसायिक ज्ञान वाले अन्य विषयों में भी शिक्षा प्रदान करना एक अच्छा प्रयास है।

सी0बी0एस0ई0 के रीजनल अधिकारी श्री चतुर्वेदी ने बताया कि सी0बी0एस0ई0 द्वारा कला, साहित्य और शारीरिक दक्षता हेतु विद्यालयी शिक्षा में विशेष प्रावधान किये गये हैं। देहरादून क्षेत्रीय कार्यालय के अन्तर्गत उत्तराखण्ड के 13 जनपदों के साथ-साथ पश्चिमी उत्तरप्रदेश के 8 जनपद भी सम्मिलित हैं। क्षेत्रीय कार्यालय देहरादून के अन्तर्गत उत्तराखण्ड में कुल 865 विद्यालय आते हैं, जिसमें 48 केन्द्रीय विद्यालय शामिल हैं। उत्तराखण्ड राज्य में पिछले तीन वर्षों में हाईस्कूल परीक्षा का उत्तीर्ण प्रतिशत 94% और इण्टरमीडिएट परीक्षा का उत्तीर्ण प्रतिशत 88% रहा है।

इस अवसर पर सी0बी0एस0ई0 देहरादून के उप सचिव श्री गोपाल दत्त भी उपस्थित थे।

**********

 

  • मुख्यमंत्री ने आम जनता से भेंट कर सुनी जन समस्यायें।
  •  समस्याओं के त्वरित निस्तारण के लिये अधिकारियों को दिये निर्देश।

मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को सायं मुख्यमंत्री कैम्प कार्यालय स्थित मुख्य सेवक सदन में बड़ी संख्या में प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों से आये लोगों तथा विभिन्न संगठनों आदि से जुड़े लोगों से भेंट कर उनकी समस्यायें सुनी।
मुख्यमंत्री ने सभी की समस्याओं से अवगत होते हुए सम्बन्धित अधिकारियों को समस्याओं के त्वरित निराकरण के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि जन समस्याओं का समाधान अधिकारियों की जिम्मेदारी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जनपद स्तर पर स्थानीय लोगों की समस्याओं का समाधान हो इसके लिये जिलाधिकारियों को प्रतिमाह अपने-अपने जनपदों के दूरस्थ क्षेत्रों में बहुउद्देशीय शिविरों के आयोजन की व्यवस्था सुनिश्चित किये जाने के निर्देश दिये गये हैं साथ ही सभी अधिकारियों को सोमवार को जनता से मिलने का समय निर्धारित कर अनिवार्य रूप से जन समस्याओं के निराकरण की व्यवस्था सुनिश्चित करने को भी कहा गया है। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर नन्हीं दुनिया के बच्चों से भी भेंट की तथा उन्हें शुभकामनायें देते हुए उनके उज्जवल भविष्य की कामना की।

********

मुख्य सचिव डॉ. एस.एस. संधु की अध्यक्षता में शुक्रवार को सचिवालय में फूड सेफ्टी एण्ड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन की राज्य स्तरीय सलाहकार समिति की प्रथम बैठक संपन्न हुई। बैठक के दौरान मुख्य सचिव ने कहा कि खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम – 2006 का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए। इसके लिए सभी सम्बन्धित विभागों और हितधारकों को आपसी सहयोग के साथ कार्य करना होगा।
मुख्य सचिव ने सैंपलिंग और टेस्टिंग बढ़ाए जाने के निर्देश देते हुए कहा कि खाद्य पदार्थों में मिलावट को रोकने हेतु कड़े कदम उठाए जाएं। इसके लिए मोबाइल टेस्टिंग वैन की संख्या बढ़ाए जाने की आवश्यकता है। उन्होंने सही, सुरक्षित और पोषक आहार हेतु अभियान में आमजन की भागीदारी सुनिश्चित किए जाने पर बल दिया। उन्होंने राज्य के छोटे-बड़े होटल एवं रेस्टोरेंट के हाइजीन सर्टिफिकेशन पर जोर देते हुए इसे अभियान के रूप में चलाए जाने की बात कही। उन्होंने कहा कि होटल्स को भी हाइजीन रेटिंग प्राप्त करने एवं होटल के बाहर अथवा साइनबोर्ड में प्रदर्शित करने हेतु जागरूक किया जाए, साथ ही लोगों को भी जागरूक किया जाए कि वे हाइजीन रेटिंग देखकर ही होटल रेस्टोरेंट में जाएं। इससे ‘Clean Food Safe Food’ (स्वच्छ भोजन सुरक्षित भोजन)की संस्कृति को बढ़ावा मिलेगा।

बैठक के दौरान सचिव श्रीमती राधिका झा ने बताया गया कि Repurpose of Used Cooking Oil (RUCO) के तहत मार्च 2022 तक 13777 लीटर यूज्ड कुकिंग ऑयल एकत्र किया गया जिससे आईआईपी देहरादून ने 7000 लीटर बायोडीजल और 6000 लीटर बायोजेट फ्यूल तैयार किया गया।
सचिव श्रीमती राधिका झा ने बताया कि पिछले 2-3 वर्षों में राज्य सरकार खाद्य सुरक्षा के क्षेत्र में लगातार बेहतर कार्य कर रही है। खाद्य सुरक्षा की दृष्टि से राज्य शीर्ष 10 राज्यों में शामिल है। वर्ष 2019-20 में राज्य की 17वीं रैंक थी जो वर्ष 2020-21 में 14वीं हो गई। वर्ष 2021-22 में राज्य की रैंक 7वीं है। उन्होंने कहा कि कैपेसिटी बिल्डिंग के लिए 28 ट्रेनिंग सेशन किए गए जिसमें लगभग 2600 लोगों को प्रशिक्षण दिया गया। साथ ही प्रवर्तन, निरीक्षण, नमूना अभियोजन और न्यायनिर्णयन की लगातार निगरानी की जा रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *