मुख्य सचिव द्वारा मतदाताओं द्वारा ली जाने वाली शपथ का वाचन कराया गया। ## मुख्य सचिव की अध्यक्षता में जनगणना 2021 समन्वय समिति की बैठक संपन्न हुई##वार्षिक गोपनीय प्रविष्टि हेतु विभिन्न स्तरों पर दर्ज आख्याओं (रिपोर्ट) हेतु प्रपत्रों का निर्धारण किया गया है। पढिए Janswar.Comमें।

समाचार प्रस्तुति-नागेन्द्र प्रसाद रतूड़ी

10वें राष्ट्रीय मतदाता दिवस की पूर्व बेला पर सचिवालय सभागार में मुख्य सचिव श्री उत्पल कुमार सिंह द्वारा समस्त अधिकारियों एवं कार्मिकों को मतदाताओं द्वारा ली जाने वाली शपथ का वाचन कराया गया। कार्यक्रम का संचालन मुख्य निर्वाचन अधिकारी श्रीमती सौजन्या द्वारा किया गया।
इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव श्रीमती राधा रतूड़ी, प्रमुख सचिव आनन्दबर्धन, सचिव अरविन्द सिहं हंयाकी, महानिदेशक उद्योग एल. फेनई, प्रभारी सचिव बीएस मनराल, अपर सचिव प्रताप शाह, सहायक मुख्य निर्वाचन अधिकारी मस्तूदास, सचिवालय संघ के अध्यक्ष दीपक जोशी, महासचिव राकेश जोशी तथा उपाध्यक्ष संदीप चमोला सहित समस्त सचिवालय अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे ।
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सचिवालय सभागार में मुख्य सचिव श्री उत्पल कुमार सिंह की अध्यक्षता में जनगणना 2021 के कार्य हेतु गठित समन्वय समिति की बैठक संपन्न हुई। बैठक में भारत के महारजिस्ट्रार एवं जनगणना आयुक्त श्री विवेक जोशी द्वारा वीडियो क्रॉन्फेसिंग के माध्यम से प्रतिभाग किया गया।
बैठक में जनगणना निदेशक उत्तराखण्ड श्रीमती विम्मी सचदेवा रामन द्वारा जनगणना 2021 के संबंध में विस्तृत कार्ययोजना का प्रस्तुतीकरण किया गया। निदेशक जनगणना ने बताया प्रदेश में जनगणना 2021 के प्रथम चरण के कार्य मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना तथा राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्ट्रर के अद्यतन के कार्य हेतु 01 मई, 2020 से 15 जून, 2020 तक का समय निर्धारित किया गया है, जिसमें 30 हजार प्रगणकों एवं 06 हजार सुपरवाईजरों को लगाया जाएगा। मुख्य सचिव ने शिक्षा निदेशक को इस कार्य हेतु आवश्यक कार्मिकों की तैनाती समय पर सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। माह अप्रैल में जनगणना में तैनात कार्मिकों की ट्रेनिंग का कार्यक्रम निर्धारित किया गया है। जनगणना निदेशक ने बताया कि जनगणना के दौरान जनगणना कार्य के प्रबंधन एवं निगरानी हेतु सी.एम.एम.एस. पोर्टल विकसित किया गया है, जिसके माध्यम से विभिन्न स्थलों पर जनगणना कार्यक्रमों के प्रशिक्षण एवं मानदेय आदि की व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने बताया कि जनगणना कार्य में डिजिटल इंडिया को बढ़ावा देने के लिए आंकड़ों का संकलन अनुसूची के साथ-साथ मोबाईल ऐप द्वारा भी किया जाएगा। जनगणना निदेशक द्वारा समय-समय पर जनगणना कार्य के लिए संचालित कार्यक्रमों को आम जन तक पहुंचाने के लिए विभिन्न प्रचार माध्यमों द्वारा प्रचार-प्रसार का अनुरोध किया गया। मुख्य सचिव श्री उत्पल कुमार सिंह द्वारा इस संबंध में निदेशक जनगणना को विभिन्न चरणों में संचालित कार्यक्रमों की सामग्री प्रचार-प्रसार हेतु सूचना एवं लोक सम्पर्क विभाग को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए।
बैठक में चर्चा हुई कि उत्तराखण्ड शासन द्वारा क्षेत्र परिसीमन से संबंधित समय-समय पर किए जाने वाले नोटिफिकेशन की प्रति जनगणना निदेशालय को भी उपलब्ध कराई जाए तथा तय हुआ कि जनगणना 2021 हेतु प्रशासनिक इकाईयों के परिवर्तन के कार्य को अब स्थिर रखा जाए।
मुख्य सचिव ने जनगणना कार्य से जुड़े विभाग को निर्देश दिए, कि इस राष्ट्रीय महत्व के कार्य को सावधानी एवं समयबद्व तरीके से पूरा करने में सक्रिय सहभागिता निभायें।
जनगणना 2021 के लिए नामित राज्य के नोडल अधिकारी श्री रंजीत कुमार सिन्हा, सचिव जनगणना द्वारा समस्त उपस्थित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
बैठक में सचिव राजस्व श्री सुशील कुमार, अपर सचिव पंचायत राज श्री एच.सी. सेमवाल, अपर सचिव आई.टी श्री विजय कुमार यादव, निदेशक अर्थ एवं संख्या श्री सुशील कुमार, निदेशक शिक्षा श्री आर.के.कुंवर, उपस्थित थे।

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अपर मुख्य सचिव मुख्यमंत्री/लोक निर्माण विभाग श्री ओमप्रकाश ने बताया कि माननीय मुख्यमंत्री के निर्देशों के क्रम में लोक निर्माण विभाग के अन्तर्गत विभागीय अभियन्ताओं के शासकीय उत्तरदायित्व एवं कार्य के प्रति जवाबदेही का तकनीकी मूल्यांकन किये जाने तथा अभियन्ताओं की Performance Based वार्षिक गोपनीय प्रविष्टि हेतु विभिन्न स्तरों पर दर्ज आख्याओं (रिपोर्ट) हेतु प्रपत्रों का निर्धारण किया गया है। अपर मुख्य सचिव ने प्रमुख अभियन्ता लोक निर्माण विभाग को आदेश जारी किया है कि लोक निर्माण विभाग के अन्तर्गत तैनात प्रमुख अभियन्ता, मुख्य अभियन्ता स्तर-1 (मुख्यालय), मुख्य अभियन्ता स्तर-2 (मुख्यालय), अधीक्षण अभियन्ता (वरिष्ठ स्टाफ ऑफिसर मुख्यालय), मुख्य अभियन्ता (जोनल), अधीक्षण अभियन्ता (वृत्तीय), एवं अधीक्षण अभियन्ता (वि./यां.) की वार्षिक गोपनीय आख्या लिखे जाने हेतु निर्गत प्रपत्र को अब संशोधित प्रारूप में दिया जायेगा।  
अपर मुख्य सचिव श्री ओमप्रकाश ने जानकारी दी कि पूर्व व्यवस्था के अनुसार 100 Marks में से 80% Weightage Appraise अधिकारी के Performance के आधार पर Assessment किया जाता था। Performance हेतु जो पैरामीटर निर्धारित किये जाते थे उनका निर्धारण Apprasie अधिकारी द्वारा स्वयं ही लिखा जाता था। Performance हेतु अलग-अलग पैरामीटर का पहले से कोई लक्ष्य तय नहीं होता था, जिससे कि Reporting अधिकारी को वास्तविक जानकारी मिल सके कि Appraise अधिकारी द्वारा लक्ष्य के सापेक्ष कितना कार्य किया गया है। संशोधित PERFORMANCE APPRAISAL REPORT (PAR) में प्रत्येक वर्ग के अधिकारी हेतु पैरामीटर निर्धारित कर दिये गये हैं। उनके द्वारा अलग-अलग पैरामीटर पर Target के विरूद्ध कितनी उपलब्धि प्राप्त हुई है का आकलन अपनी Performance Report में किया जाना है जिस हेतु max 80 marks का प्राविधान किया गया है तथा प्रत्येक पैरामीटर हेतु max marks का निर्धारण भी कर दिया गया है।
अपर मुख्य सचिव ने बताया कि पूर्व में Personal Attributes हेतु 20 % Weightage का निर्धारण किया जाता था जोकि 10 बिन्दुओं पर आधारित था लेकिन उसमें प्रत्येक बिन्दु के लिए अलग-अलग marks निर्धारित थे तथा केवल Grading 0 से 10 के मध्य में दिया जाता था। नये PAR में Personal Attributes हेतु max 20 marks का प्राविधान किया गया है लेकिन इसमें यदि Reporting अधिकारी को लगता है कि किसी पैरामीटर में Appraise अधिकारी का पैरामीटर Qualitative नही है तो वह तदानुसार Marks का निर्धारण कर सकता है।
  संशोधित PAR में  Enquiry Report, Quality Assurance Report, Administrative and Policy implementation, Training Report  इत्यादि को समयबद्ध ढंग से उच्च गुणवत्ता के साथ Appraise अधिकारी द्वारा PAR में दी गयी व्यवस्थानुसार उपलब्ध कराया जाना होगा जिसके आधार पर Reporting अधिकारी तथा Review अधिकारी Negative Marks का निर्धारण करके PAR में अंकित करेंगे।
   अपर मुख्य सचिव ने कहा कि कार्य के दौरान सम्बन्धित अधिकारी से समयबद्ध ढंग से तथा उच्च गुणवत्ता युक्त कार्य किये जाने की अपेक्षा की जाती है। अतः पदानुसार अलग-अलग तरह से पैरामीटर का निर्धारण किया गया है तथा उन कार्यों को समयबद्ध, गुणवत्तापूर्वक सम्पन्न न करने पर MARKS में कटौती का प्राविधान भी किया गया है। ऐसा किये जाने से अधिकारी अपने दायित्वों के प्रति अधिक सतर्क होगा तथा सावधानी पूर्वक समय से कार्य करेंगे।
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